हरियाणा के जशपुर के कोतबा गांव में खमगड़ा जलाशय की नहर की स्थिति पिछले 20 वर्षों से जर्जर है। नहर के इतना खराब होने के कारण खेतों तक पानी नहीं पहुंच पा रहा है, जिससे किसानों की फसलें प्रभावित हो रही हैं। इस समस्या का समाधान करने के लिए 40 किसानों ने मिलकर सक्रियता दिखाई। उन्होंने खुद फावड़ा और कुदाल लेकर नहर की मरम्मत का कार्य शुरू किया।
किसानों का कहना है कि अगर नहर की स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो उनकी मेहनत की फसलें बर्बाद हो जाएंगी। इस कारण उन्होंने समूह बनाकर नहर की लगभग 3 किलोमीटर लंबाई की मरम्मत करने का निर्णय लिया। उनके इस प्रयास से न केवल उनकी फसलें सुरक्षित होंगी, बल्कि क्षेत्र में जल निकासी की समस्या भी हल होगी।
किसानों की इस मेहनत की तारीफ हो रही है। वे अपनी मेहनत और एकजुटता से यह संदेश देना चाहते हैं कि यदि शासन और प्रशासन उनकी समस्या पर ध्यान नहीं देंगे, तो वे अपने हक के लिए खुद ही कदम उठाने को सक्षम हैं। उम्मीद है कि उनकी इस पहल से स्थानीय प्रशासन भी जागरूक होगा और पानी की समस्या के लिए स्थायी समाधान निकालेगा।
खमगड़ा जलाशय की नहर की दशा सुधारने उतरे 40 किसान
जशपुर के कोतबा में खमगड़ा जलाशय की जर्जर नहर के कारण पानी खेतों तक नहीं पहुंच रहा था। इस समस्या का सामना करने के लिए 40 किसानों ने मिलकर 3 किलोमीटर लंबी नहर की मरम्मत करने का निर्णय लिया। किसानों ने खुद फावड़ा और कुदाल लेकर उतरकर अपने फसलों को बचाने का प्रयास किया।
स्रोत: haribhoomi.com