हरियाणा के सूरजकुंड मेले में इस बार एक नई दिशा देखने को मिली है। ओडिशा और हरियाणा के बीच पर्यटन साझेदारी को बढ़ावा देने के लिए यह मेला एक महत्वपूर्ण मंच बन गया है। हरियाणा की डिप्टी सीएम परिदा ने इस अवसर पर कहा कि दोनों राज्यों के बीच सांस्कृतिक और आर्थिक संबंधों को मजबूत करने के लिए यह साझेदारी आवश्यक है। यह न केवल पर्यटन को बढ़ावा देगी, बल्कि स्थानीय कलाकारों और कारीगरों के लिए भी नए अवसर खोलेगी।

डिप्टी सीएम ने यह भी कहा कि ओडिशा की समृद्ध संस्कृति और हस्तशिल्प से हरियाणा के मेलों में नई जान आएगी। इस साझेदारी के माध्यम से दोनों राज्यों की कला और संस्कृति को एक नया मंच मिलेगा, जिससे पर्यटकों को समृद्ध अनुभव प्राप्त होगा। दोनों राज्य मिलकर विभिन्न कार्यक्रमों और योजनाओं का आयोजन करेंगे, जिससे पर्यटन क्षेत्र को और भी मजबूती मिलेगी।

सूरजकुंड मेला, जो विश्व प्रसिद्ध है, अब ओडिशा के हस्तशिल्प और संस्कृति को भी प्रमोट करेगा। यह साझेदारी दोनों राज्यों के लिए फायदेमंद साबित होगी, जिससे न सिर्फ पर्यटन क्षेत्र में वृद्धि होगी, बल्कि दोनों राज्यों के बीच सहयोग भी बढ़ेगा। इस पहल के जरिए हरियाणा और ओडिशा के कलाकारों को एक-दूसरे से सीखने और अपने काम को प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा।